Skip to main content

दिमागी उलझन दूर करना है तो सीढ़ियां चढ़ने की आदत डालें, यह आदत आपको एनर्जेटिक रखेगी

दिमागी उलझन दूर करना है और खुद को एनर्जेटिक रखना है तो सीढ़ियों का इस्तेमाल ज्यादा करें। महामारी के दौर में भी यह आदत मेंटल डिसऑर्डर को घटाती है। यह दावा जर्मनी के सेंट्रल इंस्टीट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ ने किया है। रिसर्च करने वाले वैज्ञानिकों का कहना है, जब हम सीढ़ियां चढ़ते हैं तो एनर्जी से भर जाते हैं और तरोताजा महसूस करते हैं। यह आदत हमारी सेहत को दुरुस्त रखती है।

महामारी में जगह घर की सीढ़ियों का प्रयोग करें
सेंट्रल इंस्टीट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ के प्रोफेसर हेक टोस्ट कहते हैं, महामारी के इस दौर में फिलहाल लोग अधिक बाहर निकलने से बच रहे हैं जिससे सेहत पर बुरा असर पड़ सकता है। इसके लिए सीढ़ियां चढ़ना बेहतर विकल्प है।

67 लोगों पर सीढ़ियां चढ़ने के असर को देखा गया
सीढ़ियां चढ़ने से कितना फायदा होता है, इसे समझने के लिए 67 लोगों पर सात दिन तक रिसर्च की गई। रिसर्च में सामने आया कि ऐसी एक्टिविटी करने के तुरंत बाद लोग एनर्जी से भरे नजर आए। इससे उनकी मेंटल हेल्थ पर पॉजिटिव असर पड़ा।

ऐसी ही रिसर्च 83 लोगों वाले दूसरे ग्रुप में भी की गई। रिसर्च में शामिल लोगों की मैग्नेटिक रेसोनेंस टोमोग्राफी जांच की गई। वैज्ञानिकों का कहना है, हमने ब्रेन के उस हिस्से को पहचाना जिसमें इंसान की एक्टिविटी और उनकी सेहत का असर दिखता है।

रिसर्च में सामने आया कि जो लोग मेंटल डिसऑर्डर से जूझते हैं, वो एनर्जी का कम अनुभव करते हैं। इसलिए शरीर को एक्टिव रखना जरूरी है।

वॉक के फायदों को भी समझिए
सिर्फ सीढ़ियां चढ़ना ही नहीं वॉक करते हैं तो भी इसके कई फायदे आपको मिलते हैं। जैसे- ब्लड प्रेशर घटाना है तो 3 मिनट वॉक करें और शरीर की चर्बी कम करनी है तो खाना खाने के बाद 30 मिनट पैदल चलें। कई रिसर्च में यह साबित हो चुका है कि पैदल चलते हैं तो कई तरह से शरीर को फायदा पहुंचता है। वैज्ञानिक कहते हैं, वॉक करते समय आप कितनी स्पीड से चल रहे हैं, शरीर पर इसका भी असर पड़ता है।

4 किमी. चलते हैं तो मेमोरी घटने का खतरा कम
6 हजार महिलाओं पर हुई कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी की स्टडी कहती है, अगर एक महिला 4 किलोमीटर रोजाना वॉक करती है तो उसकी मेमोरी घटने का खतरा 17 फीसदी तक घट जाता है। इसे आम भाषा अल्जाइमर्स भी कहते हैं।

ये भी पढ़ें

वर्कआउट के बाद चक्कर, उबकाई, पेट और सीने के दर्द से बचना है तो पानी कब-कितना पिएं एक्सपर्ट से समझें

75% भारतीय मांसपेशियों के दर्द से जूझ रहे, हर 40 मिनट में काम के दौरान 30 सेकंड का ब्रेक लें

हाई इंटेंसिटी वर्कआउट की 7 एक्सरसाइज जो वजन घटाकर बॉडी को शेप में लाएंगी और इम्युनिटी भी बढ़ाएंगीं

कुर्सी की मदद से पेट की चर्बी घटाएं, सेलेब न्यूट्रिशनिस्ट से जानिए कैसे पैरों के मूवमेंट से कम करें वजन​​​​​​​



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Germany Researchers Study On Health Benefits of Climbing Stairs


from दैनिक भास्कर,,1733

Comments

Trending

Health

Popular posts from this blog

4 महीने बाद मिथुन राशि में शुक्र का आना देश के लिए अच्छा संकेत; लेकिन मकर और धनु राशि वालों को रहना होगा संभलकर

1 अगस्त को शुक्र मिथुन राशि में आ जाएगा। इससे पहले ये ग्रह 30 मार्च से वृष राशि में था। काशी के ज्योतिषाचार्य पं. गणेश मिश्र ने बताया कि शुक्र ग्रह आमतौर पर एक राशि में 23 दिन तक रहता है। लेकिन इस बार 4 महीने बाद ये ग्रह राशि बदल रहा है और 31 अगस्त तक मिथुन राशि में ही रहेगा। फिर कर्क में चला जायेगा | शुक्र के अपने मित्र बुध की राशि मिथुन में आने से मौसमी बदलाव होंगे। शुक्र का राशि बदलना देश के लिए कई तरह से शुभ रहेगा। जिसका असर मौसम, देश-दुनिया और सभी राशियों पर पड़ेगा। शुक्र के राशि बदलने से मिथुन, वृष, मेष, मीन, कुम्भ, वृश्चिक, तुला और सिंह राशि वाले लोगों के लिए अच्छा समय रहेगा। इनके अलावा मकर और धनु राशि वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। वहीं कन्या और कर्क राशि वाले लोगों के लिए मिला-जुला समय रहेगा। शुक्र के राशि बदलने से देश-दुनिया पर प्रभाव देश में शैक्षणिक और धार्मिक गतिविधियां बढ़ेंगी। पूर्वी देशों और पूर्वी राज्यों में बारिश ज्यादा हो सकती है। बाढ़ की संभावना भी बन रही है। देश के अन्य हिस्सों में मौसम और वातावरण अनुकूल होगा। देश के दक्षिणी राज्यों के लिए समय अच्छा रहे...

मेष से मीन तक, हर राशि के लिए कुछ-ना-कुछ खास लेकर आ रहा है नया साल

जीवन मंत्र डेस्क. कुछ घंटों बाद साल 2020 शुरू हो जाएगा। आर्ट ऑफ लिविंग समूह के वैदिक धर्म संस्थान के एस्ट्रोलॉजर आशुतोष चावला ने अपने आध्यात्मिक विश्लेषण के जरिए 12 राशियों के लिए 2020 कैसा रहेगा, ये बताता है। किन राशियों को ग्रहों की चाल से नए साल में फायदा हो सकता है, किन लोगों को इस साल सावधानियां बरतनी पड़ सकती हैं, क्या आध्यात्मिक उपाय करने चाहिए, जानिए एस्ट्रोलॉजर आशुतोष चावला से। मेष मेष राशि वालों के लिए यह साल शुभ रहने वाला है। धर्म की वृद्धि होगी, तीर्थ यात्रा करेंगे, गुरु का सान्निध्य मिल सकता है। पदोन्नति हो सकती है। अगर आप लंबे समय से अपनी तरक्की के इंतजार में हैं, तो यह साल उचित सिद्ध होगा। कुछ नई शुरुआत करने के लिए भी यह साल बहुत उपयुक्त है। अगर आप किसी भी तरह के डिजिटल मीडिया से जुड़े हुए हैं - इंटरनेट, वेबसाइट, सोशल मीडिया पर, तो इस साल आपके सोशल मीडिया समुदाय को बढ़ाने के लिए भी बहुत अच्छा रहेगा। उपाय - हर रोज अपने गुरु द्वारा दिए गया मंत्र या फिर गुरु-मंत्र - ' गुरुर्ब्रह्मा गुरुर्विष्णु र्गुरुर्देवो महेश्वरः, गुरु साक्षात परब्रह्मा तस्मै श्रीगुरवे नमः ...

टेक्सास की नताली का 'सेल्फी केक' सोशल मीडिया पर हुआ वायरल, हाइपर रियलिस्टिक केक के ट्रेंड को नई ऊंचाईयां देने के लिए ईजाद किया इसे

एक बेकर का सेल्फी केक देखकर आप यकीनन चौंक जाएंगे। बेकर की शक्ल से हूबहू मिलने वाला यह केक सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस केक को जब सिर से लेकर चेहरे तक काटा गया तो भी लोगों ने सोशल मीडिया के जरिये तरह-तरह के रिएक्शन दिए। 'एवरीथिंग इज केक' ट्रेंड का ये दौर सोशल मीडिया पर उस वक्त चला जब कुछ क्रिएटिव बेकर्स ने रोजमर्रा के काम आने वाली चीजों को केक के रूप में पेश करना शुरू किया। सोशल मीडिया पर इस तरह के केक के वीडियोज और फोटोज खूब देखने को मिलते हैं। इन सब चीजों से अलग टेक्सास की एक बेकर ने 'हाइपर रियलिस्टिक केक' बनाया है। इस बेकर का नाम नताली साइडसर्फ है जो अपनी क्रिएटिविटी के जरिये केक के ट्रेंड को नई ऊंचाईयां देना चाहती हैं। इससे पहले भी उनके बेकरी क्रिएशन को सोशल मीडिया पर सराहा जा चुका है। इससे पहले वे अल्फाबेट नूडल्स सूप बनाने को लेकर चर्चित हुई थीं। केक में नताली का मुस्कुराता हुआ चेहरा बिल्कुल उनकी तरह ही दिख रहा है। इस केक को लेकर लोगों के कमेंट्स उस वक्त बढ़े जब नताली ने केक काटते हुए अपना वीडियो शेयर किया। सोशल मीडिया पर नताली की तारीफ करते हुए किसी ने...

विसर्जन के बाद मिट्टी और पानी को गमले या पेड़-पौधों में डालें, ताकि पैर न लगे

1 सितंबर यानी आज अनंत चतुर्दशी पर्व मनाया जा रहा है। 10 दिन तक गणेशजी की पूजा-अर्चना के बाद आज मूर्तियों को विसर्जित किया जाएगा। वैसे तो धार्मिक ग्रंथों में गणेशजी को विसर्जित करने का कोई उल्लेख नहीं मिलता है, लेकिन ऐसा माना जाता है कि महर्षि वेदव्यास जब महाभारत लिखने के लिए एक गुणी लेखक को ढूंढ रहे थे तो इस काम के लिए गणेशजी राजी हुए थे लेकिन उन्होंने शर्त भी रखी कि जब तक महर्षि बिना रुके बोलेंगे वे भी लगातार लिखते रहेंगे। वेदव्यास ने गणेश चतुर्थी के दिन से महाभारत की कथा सुनानी प्रारंभ की थी। गणेशजी लगातार 10 दिन तक कथा लिखते रहे। अत्यधिक मेहनत से बढ़ा तापमान और स्नान के बाद मिली थी राहत महर्षि वेदव्यास महाभारत की कथा सुनाते रहे और गणेश जी लिखते रहे। कथा पूरी होने पर महर्षि वेदव्यास ने आंखें खोली। उन्होंने देखा कि अत्यधिक मेहनत के कारण गणेशजी के शरीर का तापमान बढ़ा हुआ है। लगातार रात-दिन लेखन की वजह से गणेश जी के शरीर का तापमान बढ़ने लगा, तो वेद व्यास ने उनके शरीर पर मिट्टी का लेप लगाकर भाद्र शुक्ल चतुर्थी को उनकी पूजा की। मिट्टी का लेप सूखने पर गणेशजी का शरीर अकड़ गया। उनके शरीर ...

अगर सुबह सूर्य के दर्शन न हो तो पूर्व दिशा की ओर मुंह करके जल चढ़ाकर बोलें सूर्य मंत्र

जीवन मंत्र डेस्क। अभी पौष मास चल रहा है और इस माह में सूर्य देव की विशेष पूजा करने की परंपरा है। शास्त्रों में पंचदेव बताए गए हैं, इनकी पूजा हर काम की शुरुआत में की जाती है। ये पंचदेव हैं, श्रीगणेश, शिवजी, विष्णुजी, देवी दुर्गा और सूर्य देव। उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. मनीष शर्मा के अनुसार सूर्य देव एक मात्रा प्रत्यक्ष दिखने वाले देवता हैं। सूर्य देव की कृपा पाने के लिए रोज सुबह सूर्योद्य के समय अर्घ्य अर्पित करना। जानिए गीता प्रेस गोरखपुर द्वारा प्रकाशित संक्षिप्त भविष्य पुराण अंक के ब्राह्मपर्व के अनुसार सूर्य पूजा से जुड़ी खास बातें… पं. शर्मा के अनुसार अगर सुबह बादलों की वजह से सूर्य के दर्शन नहीं हो पाते हैं तो सूर्योदय की पूर्व दिशा में मुंह करके जल चढ़ाना चाहिए। सूर्य मंत्र का जाप करना चाहिए। ऊँ सूर्याय नम:, ऊँ आदित्याय नम:, ऊँ भास्कराय नम: आदि। घर में रखी सूर्य प्रतिमा या तस्वीर के दर्शन करना चाहिए। ब्राह्मपर्व के सौरधर्म में सदाचरण अध्याय के अनुसार जो लोग सूर्य देव को जल चढ़ाते हैं, उन्हें सूर्योदय से पहले बिस्तर छोड़ देना चाहिए। घर से बाहर कहीं जाते समय जब भी सूर्य मंदिर...

राजा ने संत से कहा कि मैं आपको गांव और राजमहल दान में देता हूं, संत बोले कि ये तो प्रजा के हैं, तब राजा ने खुद को सेवक बनाने की बात कही

अहंकार की वजह से घर-परिवार और समाज में अपमानित होना पड़ सकता है। पुराने समय में रावण और दुर्योधन जैसे महायोद्धा भी अपने घमंड की वजह से खत्म हो गए। जानिए इस बुराई से जुड़ी लोक कथा... प्रचलित लोक कथा के अनुसार पुराने समय में एक राजा बहुत ही धार्मिक प्रवृत्ति का था। उसने अपने जन्मदिन पर सोचा कि मेरे पास इतनी धन-संपत्ति है। मैं किसी का भी जीवन बदल सकता हूं। इसीलिए आज किसी एक व्यक्ति की सारी इच्छाएं पूरी करूंगा। राज्य की प्रजा राजा को शुभकामनाएं देने के लिए राजमहल पहुंची। प्रजा के साथ एक संत भी राजा को बधाई देने के लिए आए थे। राजा संत से मिलकर बहुत प्रसन्न हुआ। उसने संत से कहा कि गुरुदेव मेरे पास अपार धन-संपदा है, आज मैं आपकी सभी इच्छाएं पूरी करूंगा। आप जो चाहें मुझसे मांग सकते हैं। मैं आपकी हर बात पूरी करूंगा। संत ने कहा कि मैं तो वैरागी हूं, मुझे किसी चीज की जरूरत नहीं है। अगर आप कुछ देना ही चाहते हैं तो अपनी इच्छा से मुझे कुछ भी दान दे सकते हैं। संत की बात सोचकर राजा सोचने लगा कि वह संत को क्या दे, राजा ने कहा कि मैं आपको एक गांव दे देता हूं। संत बोले कि नहीं महाराज, गांव तो वहां रह...

आलिया से लेकर कृति की खूबसूरती बढ़ा रही सिल्वर ज्वेलरी, कीमत में कम होने की वजह से फैशनेबल गर्ल्स की बनी पहली पसंद

बाॅलीवुड दीवाज जिस तरह की ज्वेलरी पहनना शुरू करती हैं कुछ ही दिनों में वो एक ट्रेंड बन जाता है। वैसे भी बजट में कम होने की वजह से चांदी के गहने गोल्ड या डायमंड के तुलना में आसानी से खरीदे जा सकते हैं। इसे वेस्टर्न से लेकर साड़ी जैसे एथनिक वियर के साथ भी पहना जा सकता है। फैशन में इन रहने का ये लो बजट ऑप्शन गर्ल्स की पहली पसंद बना हुआ है। सिल्वर ज्वेलरी सोनम की सिंपल ड्रेस को एलिगेंट लुक दे रही है। सोनम कपूर उन्हें सिल्वर ज्वेलरी इतनी पसंद है कि वे एयरपोर्ट लुक के साथ भी इसे कैरी करना पसंद करती हैं। बोहो मैक्सी ड्रेस हो या डेनिम्स और ओवरसाइज्ड टॉप सोनम अपने लुक को सिल्वर ज्वेलरी से एक्सेसराइज़ करना पसंद करती हैं। वैसे भी सोनम उन एक्ट्रेसेस में से एक हैं जिन्होंने वेस्टर्न आउटफिट्स के साथ भी सिल्वर ज्वेलरी पेयर करने की शुरुआत की थी। ड्रेस के कलर से मैच करती हुई आलिया की ज्वेलरी उनकी खूबसूरती बढ़ा रही है। आलिया भट्‌ट आलिया की तरह सिल्वर झुमके एथनिक वियर के साथ खूब सूट करते हैं। व्हाइट से लेकर पेस्टल कलर की ड्रेस के साथ इसकी पेयरिंग अच्छी लगती है। अगर आप लाइट पीसेस की शौकीन हैं तो ...

वजन कम करने के लिए रखें छोटे-छोटे लक्ष्य, नियम का सख्ती से पालन करें

हेल्थ डेस्क. नए साल में जो संकल्प लिए जाते हैं, उनमें कसरत करना और वजन घटाना जैसे संकल्प सबसे शीर्ष पर होते हैं। कसरत करने का भी मुख्य मकसद वजन कम करना ही होता है। लेकिन अधिकांश लोग अपने ये संकल्प पूरे नहीं कर पाते या जितना लक्ष्य तय करते हैं, उस तक नहीं पहुंच पाते हैं। तो जो सबसे लोकप्रिय संकल्प है यानी वजन कम करना, उसके लिए डॉ. विशाल जैन आपको कुछ बहुत ही आसान सुझाव दे रहे हैं। इससे आप अपने इस लक्ष्य के काफी करीब पहुंच सकेंगे। Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today new year resolution; Keep small goals to lose weight from Dainik Bhaskar,,327

पुरानी चिंताओं से मुक्ति मिलने, भावनात्मक रूप से मजबूत होने और नया प्रोजेक्ट मिलने का रह सकता है दिन

शुक्रवार, 31 जुलाई 2020 को टैरो राशिफल के मुताबिक 12 में से 9 राशियों के लिए दिन काफी अच्छा रहने वाला है। कुछ लोगों के लिए दिन समय पुरानी चिंताओं से मुक्ति का है। कुछ लोगों के हाथ नए प्रोजेक्ट लगने के संकेत हैं। वहीं, 3 राशियों के लिए समय सामान्य रहने वाला है। मेष राशि वालों के लिए दिन नए विचारों के साथ आगे बढ़ने का रहेगा, वृष राशि वालों के लिए टाइम मैनेजमेंट का ध्यान रखने का दिन, मिथुन राशि वालों के लिए खुद को संयमित बनाए रखने का है समय। आपके लिए कैसा रहेगा दिन जानिए टैरो कार्ड रीडर शीला एम. बजाज से। मेष - Page of Swords आज का दिन आपके लिए पुरानी चिंताओं से मुक्ति पाने और नए विचारों के साथ आगे बढ़ने का है। किसी बात को लेकर चिंतित हैं तो उसे किसी से शेयर करें। इससे मन भी हल्का होगा और चिंता का हल भी मिल जाएगा। भविष्य को लेकर परेशान न हों, समय के साथ सब कुछ सुलझ जाएगा। आपमें आज ऊर्जा की कमी नहीं है। इसे उचित दिशा में लगाएं। अपनी सेहत का पूरा ख़याल रखें। वृषभ - Three of Pentacles आज का दिन आपके लिए भावनात्मक परिस्थितियों वाला रह सकता है। आपमें भावनाओं का आवेग ज्यादा रह सकता है। अ...

आईआईटी दिल्ली ने बैक्टीरिया मारने वाला कपड़ा बनाया, अब कोरोना की टेस्टिंग होगी

हेल्थ डेस्क. आईआईटी दिल्ली ने ऐसा कपड़ा तैयार किया है, जो हानिकारक बैक्टीरिया को खुद खत्म कर देगा। इस कपड़े को कोरोना जैसेजानलेवा वारयस को मारने के लिए तैयार किया है, जो छूने से ही एक इंसान से दूसरे इंसान में फैलते हैं। कपड़े पर बैक्टीरिया मारने के सभीटेस्ट सफल हो चुके हैं। हालांकि, फाइनल टेस्ट के लिए कपड़े का सैंपल एंटी वायरल लैब में भेजा जाएगा। जहां कोरोनावायरस से कपड़े के सैंपलका टेस्ट किया जाएगा। अस्पताल में इंफेक्शन से बचाएगा ये कपड़ा अस्पताल में होने वाले इंफेक्शन से बचाएगा। बैक्टीरिया मारने वाला कपड़े का फॉर्मूला ईजाद करने वाले टीम में वैज्ञानिक प्रोफेसर सम्राट मुखोपाध्याय, आईआईटी दिल्ली के पूर्व बीटेक छात्र यति गुप्ता, दिल्ली एम्स के कुछ डॉक्टर भी शामिल हैं। प्रोफेसर सम्राट मुखोपाध्याय ने बताया कि इसे फेबियोसिस इनोवेशन स्टार्टअप ने तैयार किया है। कपड़े पर की गई है केमिकल की कोटिंग बैक्टीरिया से टेस्टिंग में पाया गया कि यह कपड़ा 99.99 प्रतिशत बैक्टीरिया को मार देता है। इसकी खूबी यह है कि 30 बार धोने पर भी बैक्टीरिया इंफेक्शन प्रूफ फेब्रिक काम रहता है। कपड़े पर कोटिंग पैडिंग मैंगल ...